नई दिल्ली| विरोध कर रहे किसान नेताओं ने गुरुवार को कहा कि उनका इरादा राष्ट्रीय राजधानी के बीचों-बीच जंतर-मंतर पर 13 अगस्त तक ‘किसान संसद’ जारी रखने का है। बुधवार को दिल्ली के उपराज्यपाल अनिल बैजल ने तीन केंद्रीय कृषि कानूनों के खिलाफ जंतर-मंतर पर किसानों के प्रदर्शन की अनुमति इस शर्त पर दी थी कि 9 अगस्त को सुबह 11 बजे से शाम 5 बजे के बीच अधिकतम 200 प्रदर्शनकारियों को अनुमति दी जाएगी।
गुरुवार को आंदोलनकारी किसान जंतर-मंतर पर व्यापक इंतजामों के साथ पहुंचे। एक किसान नेता ने आईएएनएस को बताया कि एक लाख से अधिक किसान जंतर मंतर पहुंचने के लिए तैयार हैं, लेकिन पुलिस ने प्रतिदिन केवल 200 लोगों को ही जाने की अनुमति दी है।
एक प्रदर्शनकारी किसान ने कहा, “हमने प्रत्येक किसान संघ से अधिकतम तीन व्यक्तियों का चयन किया है। इस बार हम किसी भी अप्रिय घटना से बचने के लिए तैयार हैं, जैसे कि 26 जनवरी को क्या हुआ। सभी किसान बसों में ही विरोध स्थल पर आएंगे, और कोई निजी वाहन नहीं है। अनुमति दी गई है। इसके अलावा, किसान संसद में शामिल होने वाले सभी लोगों के पास संयुक्त किसान मोर्चा (एसकेएम) द्वारा जारी पहचान पत्र होंगे।”
–आईएएनएस

और भी हैं
यूपीएससी सीएसई 2025 का रिजल्ट जारी, अनुज अग्निहोत्री बने ऑल इंडिया टॉपर
प्रधानमंत्री मोदी के विज़न के तहत दिल्ली में होने वाले “India AI Impact समिट 2026” के लिए परिषद द्वारा की गई तैयारियों की ज़मीनी समीक्षा: चहल
अजित पवार के निधन पर राजनीतिक जगत में शोक की लहर, विपक्ष के नेताओं ने दी श्रद्धांजलि