गुवाहाटी| असम की भाजपा सरकार ने बुधवार को पश्चिमी असम में आदिवासी बहुल बोडोलैंड टेरिटोरियल रीजन (बीटीआर) के चहुंमुखी और तेज विकास के लिए एक नए बोडोलैंड विभाग का गठन किया। यह जानकारी अधिकारियों ने दी। एक अधिकारी ने कहा कि मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा की अध्यक्षता में हुई असम कैबिनेट की बैठक में बीटीआर के चौतरफा और त्वरित विकास के लिए अलग बोडोलैंड विभाग का गठन किया है, जिसमें कोकराझार, चिरांग, बक्सा और उदलगुरी के चार जिले शामिल हैं।
अधिकारी ने कहा कि भूटान और पश्चिम बंगाल की सीमा से लगे बोडोलैंड के विभिन्न पहलुओं की देखभाल अब तक मैदानी जनजाति और पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग द्वारा की जाती थी।
27 जनवरी, 2020 को नई दिल्ली में केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह की उपस्थिति में केंद्र सरकार के साथ बोडो शांति समझौते पर हस्ताक्षर के बाद बीटीआर में आतंकी गतिविधियों पर काफी हद तक काबू पा लिया गया है।
नेशनल डेमोक्रेटिक फ्रंट ऑफ बोडोलैंड (एनडीएफबी) के चार गुटों के कुल 1,615 कैडरों ने समझौते पर हस्ताक्षर किए थे। इसके बाद पिछले साल 30 जनवरी को हथियारों और गोला-बारूद का विशाल जखीरा रखा था। बोडोलैंड विभाग का निर्माण बोडो शांति समझौते में प्रतिबद्धताओं का एक हिस्सा था।
–आईएएनएस

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